राशन दुकानदारों की मांग पर शासन ने बढ़ाई वितरण की मियाद, सितंबर का राशन अब 15 अक्टूबर तक

अक्टूबर माह के खाद्यान्न वितरण के लिए भी 30 अक्टूबर तक समय, तकनीकी व भंडारण संबंधी परेशानियों के बीच बड़ी राहत


बेमेतरा टाइम्स । सितंबर एवं अक्टूबर माह का राशन एक साथ वितरण किए जाने के बीच तकनीकी और भंडारण संबंधी परेशानियों से जूझ रहे शासकीय उचित मूल्य दुकान संचालकों को बड़ी राहत मिली है। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण संचालनालय, नवा रायपुर ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत सितंबर एवं अक्टूबर के खाद्यान्न वितरण की समय-सीमा बढ़ा दी है।

संचालनालय द्वारा 29 सितंबर को जारी आदेश के अनुसार सितंबर के लिए जारी खाद्यान्न के वितरण की समयावधि बढ़ाकर 15 अक्टूबर कर दी गई है। वहीं अक्टूबर के लिए जारी खाद्यान्न के वितरण की अंतिम तिथि 30 अक्टूबर निर्धारित की गई है।

यह आदेश ऐसे समय आया है, जब बेमेतरा जिले के शासकीय राशन दुकानदार एवं विक्रेता संघ ने राशन वितरण में आ रही व्यावहारिक दिक्कतों को लेकर कलेक्टर से अतिरिक्त समय देने की मांग की थी। संघ ने वेयरहाउस में चावल की उपलब्धता में कमी, टीसी/ट्रक चालान सिस्टम में देरी, ई-पॉस मशीन तथा सर्वर की तकनीकी समस्याओं के कारण निर्धारित अवधि में राशन वितरण पूरा करने में कठिनाई की बात कही थी।

दुकानदारों की मांग के बाद बढ़ी समय-सीमा

जिला राशन दुकानदार संघ ने मांग की थी कि तकनीकी एवं भंडारण संबंधी समस्याओं को देखते हुए सितंबर और अक्टूबर माह के राशन वितरण के लिए पर्याप्त अतिरिक्त समय दिया जाए, ताकि दुकानदारों पर अनावश्यक दबाव न बने और हितग्राहियों को भी व्यवस्थित तरीके से राशन मिल सके।

संचालनालय के नए आदेश से अब सितंबर माह के राशन वितरण के लिए दुकानदारों को 15 दिन अतिरिक्त समय मिला है। वहीं अक्टूबर माह के वितरण के लिए 30 अक्टूबर तक की समय-सीमा तय की गई है।

जिलों को दिए गए स्पष्ट निर्देश

संचालनालय ने प्रदेश के सभी खाद्य नियंत्रक एवं खाद्य अधिकारियों को निर्देशित किया है कि जिले की समस्त शासकीय उचित मूल्य दुकानों में खाद्यान्न का भंडारण सुनिश्चित कराया जाए और निर्धारित समय-सीमा के भीतर पात्र राशनकार्डधारियों को नियमानुसार खाद्यान्न एवं अन्य राशन सामग्री का वितरण पूर्ण कराया जाए।

आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि समय-सीमा के भीतर वितरण सुनिश्चित करने के लिए जिला स्तर पर आवश्यक व्यवस्था की जाए।

अब निगाह भंडारण और तकनीकी व्यवस्था पर

समय-सीमा बढ़ने के बाद अब बेमेतरा जिले में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि उचित मूल्य दुकानों तक पर्याप्त मात्रा में खाद्यान्न समय पर पहुंचता है या नहीं। साथ ही टीसी/ट्रक चालान, ई-पॉस और सर्वर से जुड़ी तकनीकी समस्याओं का निराकरण कितनी तेजी से होता है। समय बढ़ने से दुकानदारों को राहत मिली है, लेकिन हितग्राहियों को समय पर पूरा राशन मिलना ही इस व्यवस्था की वास्तविक कसौटी होगी।

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