बेमेतरा। जिले में किसानों को वैज्ञानिक खेती के प्रति जागरूक करने और भूमि की उर्वरता बनाए रखने के उद्देश्य से कृषि विभाग द्वारा मृदा परीक्षण अभियान लगातार चलाया जा रहा है। कृषि विभाग अंतर्गत संचालित मृदा परीक्षण प्रयोगशाला के माध्यम से किसानों से मिट्टी के नमूने लेकर उनका वैज्ञानिक विश्लेषण किया जा रहा है। परीक्षण के बाद किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड प्रदान किए जा रहे हैं, जिससे उन्हें अपनी भूमि की गुणवत्ता एवं आवश्यक पोषक तत्वों की सटीक जानकारी मिल रही है।
मृदा स्वास्थ्य कार्ड किसानों के लिए वैज्ञानिक खेती का मार्गदर्शक साबित हो रहा है। इसके माध्यम से कृषकों को संतुलित उर्वरक उपयोग, फसलवार पोषक तत्व प्रबंधन तथा खेती की लागत कम करने में सहायता मिल रही है। इससे जहां कृषि उत्पादन में बढ़ोतरी हो रही है, वहीं भूमि की गुणवत्ता और उर्वरता में भी सुधार देखने को मिल रहा है।
कृषि विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार वित्तीय वर्ष 2025-26 में जिले के किसानों को अब तक कुल 8074 मृदा स्वास्थ्य कार्ड जारी किए जा चुके हैं। वहीं पिछले तीन वर्षों में जिले के 24074 किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड वितरित किए गए हैं।
104 गांवों में “विकसित कृषि संकल्प अभियान”
किसानों को मृदा परीक्षण के प्रति जागरूक करने के लिए कृषि विभाग द्वारा ग्राम स्तर पर विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में 5 मई से 20 मई 2026 तक जिले के 104 गांवों में “विकसित कृषि संकल्प अभियान” संचालित किया जा रहा है। अभियान के तहत कृषि अधिकारी एवं कृषि वैज्ञानिक किसानों से सीधे संपर्क कर उन्नत कृषि तकनीकों के साथ-साथ मृदा स्वास्थ्य कार्ड के महत्व और उपयोग की जानकारी दे रहे हैं।
अभियान के दौरान किसानों को बताया जा रहा है कि नियमित मृदा परीक्षण से भूमि में उपलब्ध पोषक तत्वों की सही जानकारी मिलती है, जिससे आवश्यकता अनुसार उर्वरकों का उपयोग किया जा सकता है। इससे अनावश्यक खर्च कम होने के साथ फसलों की उत्पादकता में भी वृद्धि होती है।
वैज्ञानिक पद्धति अपनाने किसानों से अपील
जिले के उप संचालक कृषि मोरध्वज डडसेना ने किसानों से अपील करते हुए कहा है कि वे अपनी भूमि का नियमित मृदा परीक्षण कराकर वैज्ञानिक अनुशंसाओं के अनुसार उर्वरकों का उपयोग करें। उन्होंने कहा कि संतुलित पोषक तत्व प्रबंधन से भूमि की उत्पादकता लंबे समय तक बनी रहती है और खेती अधिक लाभकारी बनती है।
उन्होंने बताया कि मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना किसानों को वैज्ञानिक खेती की दिशा में आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण माध्यम बन रही है तथा इससे टिकाऊ कृषि को बढ़ावा मिल रहा है।
