बताया जा रहा है कि मजदूर करीब 20 फीट गहरे गड्ढे में उतरकर काम कर रहा था। इसी दौरान गड्ढे से सटी कंक्रीट की दीवार अचानक भरभराकर मजदूर के ऊपर गिर गई। मलबे में दबने से उसकी मौके पर ही मौत होने की बात सामने आ रही है।
परिजनों को सूचना नहीं देने का आरोप
हादसे के बाद मिल प्रबंधन पर मृतक के परिजनों को सीधे सूचना नहीं देने का गंभीर आरोप लगाया गया है। परिजनों का कहना है कि उन्हें घटना की जानकारी मिल प्रबंधन के बजाय किसी अन्य व्यक्ति के माध्यम से मिली। इसके बाद मृतक के परिजन अस्पताल पहुंचे।
अस्पताल के सामने जुटे परिजन और छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के कार्यकर्ता
शुक्रवार को घटना को लेकर बेरला में तनावपूर्ण स्थिति निर्मित हो गई। मृतक के परिजन और छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के लोग अस्पताल के सामने एकत्रित होकर प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों द्वारा फैक्ट्री प्रबंधन को मौके पर बुलाने और मृतक के परिवार को 50 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग उठाई जा रही है।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि हादसे की पूरी जिम्मेदारी तय की जाए और मृतक के परिवार को उचित आर्थिक सहायता दी जाए। अस्पताल परिसर के सामने प्रदर्शन फिलहाल जारी है।
मामले में फैक्ट्री प्रबंधन का पक्ष और प्रशासन-पुलिस की कार्रवाई सामने आना बाकी है। घटनाक्रम पर लगातार नजर रखी जा रही है। आगे की जानकारी मिलने पर अपडेट किया जाएगा।
