बेमेतरा : प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) अंतर्गत स्वीकृत आवासों को समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूर्ण कराने के लिए प्रशासन अब सख्त नजर आ रहा है। जनपद पंचायत बेमेतरा में दूसरी किस्त प्राप्त करने के बावजूद अधूरे पड़े आवासों को लेकर मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) ने जनपद पंचायत सभाकक्ष में विशेष समीक्षा बैठक सह ‘पेशी’ आयोजित की।
प्रथम चरण की कार्रवाई में 131 हितग्राहियों को उपस्थित कराया गया। जानकारी के अनुसार वित्तीय वर्ष 2024-26 के तहत स्वीकृत 389 आवास ऐसे पाए गए हैं, जिनमें दूसरी किस्त जारी होने के बाद भी निर्माण कार्य अधूरा है। इस पर नाराजगी जताते हुए जनपद सीईओ ने एक-एक हितग्राही से निर्माण की प्रगति की जानकारी ली।
बैठक में सीईओ ने स्पष्ट कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना का उद्देश्य गरीब परिवारों को समय पर पक्का मकान उपलब्ध कराना है। शासन द्वारा राशि जारी किए जाने के बावजूद यदि हितग्राही निर्माण कार्य में लापरवाही बरतते हैं, तो इसे किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उन्होंने सभी हितग्राहियों को अंतिम समय-सीमा के भीतर आवास पूर्ण करने के सख्त निर्देश दिए। साथ ही चेतावनी दी कि निर्धारित अवधि में निर्माण पूरा नहीं करने वालों के खिलाफ वसूली प्रकरण (आरआरसी) दर्ज किया जाएगा। सरकारी राशि का दुरुपयोग करने अथवा जानबूझकर निर्माण कार्य लंबित रखने वालों पर कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
प्रशासन ने मैदानी अमले, रोजगार सहायकों और पंचायत सचिवों को भी निर्देशित किया है कि वे प्रतिदिन अपूर्ण आवासों की मॉनिटरिंग करें तथा हितग्राहियों को तकनीकी एवं व्यवहारिक सहयोग उपलब्ध कराते हुए निर्माण कार्य शीघ्र पूर्ण कराएं।
प्रशासन की इस सख्ती के बाद उन हितग्राहियों में हड़कंप की स्थिति देखी जा रही है, जिन्होंने राशि प्राप्त होने के बावजूद आवास निर्माण में अपेक्षित रुचि नहीं दिखाई थी।
