प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम खैरा निवासी मनीष शुक्ला (46 वर्ष) ने थाना बेमेतरा में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उन्हें मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम चौरेंगा से 02-03 वाहनों में भैंसों को भरकर कत्लखाने ले जाया जाएगा। सूचना के आधार पर गौवंश सेवकों के साथ सिमगा से बेरला मार्ग पर नाकेबंदी की गई।
नाकेबंदी के दौरान ग्राम कठिया स्थित बेरला मोड़ के पास सुबह लगभग 4 बजे एक पिकअप वाहन क्रमांक CG 04 QV 9645 को रोका गया। जांच में वाहन के भीतर 04 बड़े भैंसों को बिना चारा-पानी के ठूंस-ठूंसकर भरा हुआ पाया गया। चालक से पूछताछ करने पर उसने अपना नाम लक्ष्मण साहू (25 वर्ष), निवासी ग्राम भड़हा, थाना खरोरा, जिला रायपुर बताया।
पशुओं के परिवहन संबंधी वैध दस्तावेज मांगे जाने पर चालक कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद वाहन, भैंसों एवं चालक को थाना बेमेतरा लाया गया। जांच के आधार पर आरोपी के विरुद्ध छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 तथा पशुओं के प्रति क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11 के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
विवेचना के दौरान 04 भैंसों (कीमत लगभग 40 हजार रुपये), पिकअप वाहन (कीमत लगभग 9 लाख रुपये) तथा एक मोबाइल फोन (कीमत लगभग 10 हजार रुपये) सहित कुल 9.50 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की गई।
आरोपी चालक लक्ष्मण साहू को विधिवत गिरफ्तार कर 13 जून 2026 को न्यायिक रिमांड पर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।
