पुलिस के अनुसार, मृतका के पुत्र गोवर्धन बंजारे ने बताया था कि उसकी मां दुकलिहिन बाई बंजारे (50 वर्ष) 7 जुलाई की शाम से लापता थीं। गुमशुदगी दर्ज कराने के बाद परिजन लगातार तलाश कर रहे थे। 9 जुलाई को ग्राम तुमा स्थित अमरैया नाला-शिवनाथ नदी किनारे खोजबीन के दौरान दो गठरियां मिलीं। जांच करने पर उनमें महिला का क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
लगातार पूछताछ, तकनीकी साक्ष्यों और परिस्थितिजन्य प्रमाणों के आधार पर पुलिस ने संदेही रामप्रसाद सोनवानी उर्फ बंगाली को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार आरोपी ने स्वीकार किया कि 6 जुलाई की रात वह मृतका के घर पहुंचा और गलत काम करने का प्रयास किया। विरोध करने पर उसने फावड़े से हमला कर महिला की हत्या कर दी। इसके बाद शव के साथ दुष्कर्म किया और पहचान छिपाने के उद्देश्य से घर में रखी आरी से शव के दोनों हाथ और पैर काट दिए। शव के अलग-अलग हिस्सों को दो गठरियों में बांधकर अगले दिन रात में शिवनाथ नदी में फेंक दिया। आरोपी ने मृतका के घर से 2,500 रुपये भी चोरी किए, जिनमें से 500 रुपये बरामद किए गए हैं।
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त फावड़ा, आरी सहित अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य भी जब्त कर लिए हैं। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी वर्ष 2017 में गांव की ही एक महिला की हत्या के मामले में सजा काट चुका है तथा उसके विरुद्ध पूर्व में भी प्रतिबंधात्मक कार्रवाई हो चुकी है।
पुलिस ने प्रकरण में हत्या, साक्ष्य मिटाने, चोरी तथा अन्य संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर न्यायालय में प्रस्तुत किया है।
