बैठक में कानून-व्यवस्था, डीजे एवं ध्वनि नियंत्रण, यातायात, अग्नि सुरक्षा, बिजली, पेयजल, स्वच्छता और भीड़ प्रबंधन सहित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई। अधिकारियों ने समितियों से प्रशासनिक नियमों का पालन करते हुए उत्सव मनाने की अपील की।
एसडीओपी भुषण एक्का ने कहा कि पुलिस प्रशासन पर्व के दौरान पूरी तरह मुस्तैद रहेगा। निर्धारित सीमा से अधिक तेज आवाज में डीजे बजाने और कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने लोगों से अफवाहों से दूर रहने तथा किसी भी समस्या की सूचना तत्काल पुलिस को देने की अपील की।
बैठक में बताया गया कि सड़क पर पंडाल लगाकर यातायात बाधित नहीं किया जाएगा। केवल मिट्टी से बनी प्रतिमाओं की स्थापना की अनुमति होगी। पंडालों में अग्नि सुरक्षा, पर्याप्त प्रकाश एवं वॉलेंटियर की व्यवस्था जरूरी होगी। अस्थायी विद्युत कनेक्शन लेना अनिवार्य रहेगा। अन्य आयोजनों के लिए एसडीएम से पूर्व अनुमति तथा समिति के अध्यक्ष एवं सदस्यों की सूची संबंधित थाने में देना आवश्यक होगा।
जिला प्रशासन एवं पुलिस ने आमजन से गणेश उत्सव को शांति, सौहार्द्र और भाईचारे के साथ मनाने की अपील करते हुए स्पष्ट किया कि उपद्रव और हुड़दंग करने वालों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
