समाज के प्रतिनिधियों का कहना है कि सेन समाज की पहचान केवल केश कला अथवा किसी पारंपरिक व्यवसाय तक सीमित नहीं है। समाज के लोग आज शिक्षा, प्रशासन, चिकित्सा, व्यापार, राजनीति, कला और खेल सहित विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय भूमिका निभाते हुए समाज और देश के विकास में योगदान दे रहे हैं। ऐसे में प्रतियोगी परीक्षा जैसे महत्वपूर्ण मंच पर किसी समाज से जुड़ी ऐसी शब्दावली को विकल्प के रूप में शामिल किया जाना, जो समाज की गरिमा और भावनाओं को आहत करने वाली मानी जा रही है, उचित नहीं है।
समाज ने प्रशासन से मांग की है कि प्रश्नपत्र में उक्त लोकोक्ति को शामिल किए जाने के संबंध में तथ्यात्मक जांच कराई जाए तथा यदि जांच में आपत्तिजनक सामग्री का समावेश पाया जाता है तो नियमानुसार जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की जाए। साथ ही भविष्य में शासकीय एवं प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्नपत्र तैयार करते समय सामाजिक एवं संवेदनशील विषयों को लेकर आवश्यक सावधानी बरतने की मांग की गई है।
वरिष्ठ पदाधिकारी और समाजजन रहे मौजूद
कलेक्टर को ज्ञापन सौंपने के दौरान सर्व सेन समाज के बेमेतरा जिलाध्यक्ष रामनारायण श्रीवास, नवागढ़ जिला उपाध्यक्ष संतोष सेन, डेनिम सेन, संरक्षक नाथूराम सेन, साजा उपाध्यक्ष नेम सिंह सेन, बेमेतरा जिला उपाध्यक्ष संतोष सेन, अनिल सेन, नगर उपाध्यक्ष जगमोहन सेन, राम नीहोरा सेन, ईश्वर सेन, बहादुर सेन, राजेंद्र ठाकुर (बेमेतरा), कन्हैया सेन, लोमेश सेन, जितेंद्र श्रीवास, प्रमुख ऋषि सेन, रवि सेन, टेकराम सेन, एल्डरमैन (बेरला) कन्हैया सेन और राम सेन सहित बड़ी संख्या में समाज के पदाधिकारी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
