जारी आदेश के अनुसार, प्रारंभिक जांच में यह पाया गया कि वार्ड क्रमांक 11 में निर्मित सी.सी. रोड की गुणवत्ता (कोर कटिंग में एम-30 मानक से काफी कम स्ट्रेंथ), कार्यालयीन कक्ष में शराब की बोतल पाए जाने और आपत्तिजनक स्थिति में रहने के साथ-साथ समय-सीमा बैठकों में बिना सूचना लगातार अनुपस्थित रहने जैसे गंभीर आरोप सही पाए गए।
इन कृत्यों को छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम-3 का उल्लंघन मानते हुए शासन ने इसे गंभीर कदाचार घोषित किया है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय संयुक्त संचालक, नगरीय प्रशासन एवं विकास, क्षेत्रीय कार्यालय दुर्ग रहेगा तथा उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्रदान किया जाएगा।
शासन ने संबंधित अधिकारियों को अनुशासनात्मक कार्यवाही के लिए आगे की कार्रवाई समय-सीमा में सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए हैं।
ये था मामला
जिले के दाढ़ी नगर पंचायत के सीएमओ आर के ध्रुव का एक वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हुआ जिसमें वह अपने कार्यालय में ही शराब की बोतल के साथ नजर आ रहे थे. इस वायरल वीडियो के बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए बेमेतरा के एसडीएम प्रकाश भारद्वाज ने दाढ़ी सीएमओ को इस मामले में शराब की बोतल और नेम प्लेट का जिक्र करते हुए नोटिस जारी किया था. एसडीएम ने 24 घंटे के भीतर जवाब प्रस्तुत करने कहा. वहीं कलेक्टर ने भी मामले में जांच और कार्रवाई के निर्देश जारी किए थे. गौरतलब है कि दाढ़ी नगर पंचायत अपने कार्य को लेकर हमेशा सुर्खियों में रहा है. यहां के कई निर्माण कार्य पूरे नहीं हो रहे. अधूरे निर्माण के लिए लगातार यह नगर पंचायत विवादों में रहा है !